| ट्रैक 1 : कहते हैं आस्माँ पर सम्शो कमर सितारे |
| ट्रैक 2 : क्या तिलस्मी थी नज़र जो काम अपना कर गई |
| ट्रैक 3 : या इलाही खुद-ब-खुद , दिल मेरा घबराता है क्यूँ |
| ट्रैक 4 : खुशी से ईद का दिन शाद करना, गुबार-ए-रंज को बरबाद करना |
| ट्रैक 5 : जिनको तकवा है ख़ुदा का, उन्हें परवा क्या है |
| ट्रैक 6 : सर में वहशद यार भी बदरून्निसा की दिल में है |
| ट्रैक 7 : आहों से जला जाए जजग़र का चरका |
| ट्रैक 8 : जब रंज हो किस्मत में, तो क्या शिकवा-गिला है |
| ट्रैक 9 : जिस दिन से मुझे इश्क का आज़ार हो गया |
| ट्रैक 10 : तेरे इश्क़ का मारा वतन से सुधारा |
| ट्रैक 11 : आग इश्क़ की लागी चैन न आए, क्या सताये जी जलाये |
| ट्रैक 12 : तमन्ना है तेरे कदमों पे ही यह मेरा दम निकले |
| ट्रैक 13 : आतशे-ग़म लगी है, क्या कल्बे हजीनो जार में |
| ट्रैक 14 : ये ही हुस्न राज़े अलस्त था, जो मिला खमीरे मजाज में |
| ट्रैक 15 : जूझ ग़मे-इश्क़ कोई याद फ़साना न रहा |
| ट्रैक 16 : ऐ जालिमो, सितम जो ऐसे रवां करोगे, किस मुँह से फिर |
| ट्रैक 17 : तुम्हें सौंपा जवानी का बाग़ रे देखना संवारना |